बाराबंकी- शहर के रेलवे स्टेशन रोड पर पुलिस ड्रेस से लेकर जैकेट व कपड़ा व्यवसायी बिहार प्रान्त के समाया निवासी स्व. नागेन्द्र झा के पांच पुत्रों में चैथे नंबर के सपा नेता व समाजसेवी अजीत का बुधवार की रात्रि हृदय आघात से आकस्मिक निधन हो गया। सुबह पूर्वाह्न उनका जनपद में ही उनके अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में समाजसेवियों, सपा नेताओं के साथ तमाम अधिवक्ताओं ने उन्हें अंतिम विदाई दी। पताते चलें बिहार प्रांत से जनपद में आकर व्यवसाय में अपना लोहा मनवाने वाले झा परिवार की रेलवे स्टेशन रोड पर 3-4 दुकानें हैं। जिसमें अजीत झा ने बचपन से ही पारिवारिक कारोबार से अलग हटकर सियासत व समाजसेवा का मार्ग पकड़ा तो इनके सबसे बड़े भाई संजय झा जो पढाई में काफी तेज रहे ने लखनऊ क्रिश्चियन कॉलेज से लखनऊ विश्व विद्यालय की पीसीएम में बीएससी की डिग्री प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण की वे आगे पढ़ाई कर पाते इसके पहले ही उनकी हत्या हो गई। जिसके बाद पांच भाईयों संजय(मृतक), संजीव, राजीव, के बाद चैथे नंबर पर अजीत के बाद सबसे छोटा भाई संतोष में अजीत ने सपा से दो बार नगर अध्यक्ष होने के बाद समाज सेवा करते करते 2013-14 में बंकी नगर पंजायत से अपनी पत्नी रूक्मिणी को चेयरमैन पद से चुनाव भी लड़वाया। जिसमें उनकी हार से अजीत का एक तरह से राजनीति से मोहभंग हुआ तो दो बच्चों के दायित्व के निर्वहन के लिए उन्होंने अपने वकालत के पेशे जो भाई की हत्या के बाद ही उन्होंने वकालत की पढ़ाई कर प्रैक्टिस शुरू कर दी थी, में पूरी तरह आने का निश्चय कर ज्यादा ध्यान देने लगे। लेकिन सपा से लगातार जुड़े रहे। लोगों के बताए अनुसार इधर उन्हे लीवर व अन्य स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों ने घेर रखा था। बुधवार की रात्रि अचानक हुए हृदयाघात में जब तक परिवार वाले कुछ समझ पाते तब तक उनकी सांसे रूक चुकी थी। सुबह लोगों को जानकारी मिली तो बड़ी तादात में लोग उनके आवास पहुंचे और परिवारी जनों को सांत्वना दी। अपने पीछे अजीत दो बेटों यश व तेजस को छोड़ गए हैं। जिसमें यश झा बाहर पढ़ाई कर रहा बताया जा रहा है वही छोटा बेटा तेजस झा आनन्द भवन स्कूल में कक्षा 09 का छात्र है।




